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खरसिया हिरासत कांड: ग्रामीण की हालत नाजुक, कांग्रेस ने सरकार से न्यायिक जांच और सख्त कार्रवाई की मांग की

रायगढ़। खरसिया थाना क्षेत्र अंतर्गत परासकोल गांव में हुए हत्याकांड की जांच के दौरान पुलिस हिरासत में लिए गए ग्रामीण रमेश चौहान की हालत बिगड़ने के मामले में जिला कांग्रेस कमेटी ने राज्य सरकार और पुलिस प्रशासन के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। कांग्रेस के जिला कांग्रेस अध्यक्ष (ग्रामीण) नागेन्द्र नेगी एवं जिला प्रवक्ता तारेन्द्र डनसेना ने संयुक्त बयान जारी कर इस घटना को अमानवीय, असंवैधानिक और वर्दी की आड़ में सत्ता के दुरुपयोग का ज्वलंत उदाहरण बताया है।

कांग्रेस नेताओं ने कहा कि रमेश चौहान को संदेह के आधार पर पूछताछ के लिए थाने बुलाया गया था और वह पूरी तरह स्वस्थ अवस्था में गया था, लेकिन कुछ ही घंटों में उसकी हालत इस कदर बिगड़ गई कि उसे अस्पतालों के चक्कर काटने पड़े। परिजनों का आरोप है कि हिरासत में कथित मारपीट और टॉर्चर के कारण उसे एक साइड पैरालाइस हो गया है। पहले उसे खरसिया अस्पताल ले जाया गया, वहां से प्राथमिक उपचार के बाद रायगढ़ मेडिकल कॉलेज रेफर किया गया और अंततः गंभीर स्थिति में रायपुर भेजा गया, जहां उसका इलाज जारी है।

तारेन्द्र डनसेना ने कहा कि रायगढ़ में हुए सीटी स्कैन में युवक के सिर में खून का थक्का जमने की पुष्टि हुई है, जो गंभीर शारीरिक आघात की ओर संकेत करता है। उन्होंने आरोप लगाया कि यह मामला केवल एक व्यक्ति की पीड़ा नहीं, बल्कि कानून व्यवस्था पर गहरा प्रश्नचिह्न है। उन्होंने यह भी कहा कि जब पुलिस स्वयं इस हत्याकांड में राहुल यादव को गिरफ्तार कर चुकी है और उसने ₹3000 के विवाद में हत्या स्वीकार की है, तो फिर रमेश चौहान को किस आधार पर इतनी क्रूरता झेलनी पड़ी?

जिला अध्यक्ष नागेन्द्र नेगी ने कहा कि यह मामला मानवाधिकारों के खुले उल्लंघन का प्रतीक है। उन्होंने मांग की कि पूरे प्रकरण की न्यायिक या उच्चस्तरीय स्वतंत्र एजेंसी से जांच कराई जाए ताकि सच्चाई सामने आ सके। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि दोषियों पर त्वरित कार्रवाई नहीं हुई तो कांग्रेस व्यापक जनआंदोलन करेगी।

कांग्रेस ने यह भी मांग की कि:

पीड़ित के उपचार का संपूर्ण खर्च राज्य सरकार वहन करे,
परिवार को तत्काल पर्याप्त आर्थिक सहायता एवं सम्मानजनक मुआवजा दिया जाए,
संबंधित पुलिसकर्मियों को तत्काल निलंबित कर उनके विरुद्ध आपराधिक प्रकरण दर्ज किया जाए,
पीड़ित परिवार को सुरक्षा प्रदान की जाए ताकि वे बिना दबाव के बयान दे सकें।

नेताओं ने कहा कि लोकतंत्र में पुलिस जनता की रक्षक होती है, भक्षक नहीं। यदि निर्दोष नागरिक ही थाने में सुरक्षित नहीं रहेंगे तो आम जनता का विश्वास व्यवस्था से उठ जाएगा। कांग्रेस पार्टी ने स्पष्ट किया कि वह पीड़ित परिवार के साथ मजबूती से खड़ी है और न्याय मिलने तक इस संघर्ष को सड़क से लेकर सदन तक निरंतर जारी रखेगी।

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Kanha Shastri

Kanha Shastri